'वरमुल गिंदो 3.0' का शानदार समापन, भारतीय सेना ने बारामूला में खेल प्रतिभाओं को दिया नया मंच


बारामूला: बारामूला में "वरमुल गिंदो 3.0" के बैनर तले आयोजित वॉलीबॉल और टेनिकोइट चैंपियनशिप का शानदार अंदाज़ में इख़्तिताम (समापन) हुआ। भारतीय सेना की डैगर डिविज़न, जम्मू-कश्मीर स्पोर्ट्स काउंसिल, डिस्ट्रिक्ट बारामूला स्पोर्ट्स एसोसिएशन और ज़िला मान्यता प्राप्त वॉलीबॉल व टेनिकोइट एसोसिएशनों के मुश्तरका (संयुक्त) इहतिमाम में आयोजित इस खेल महोत्सव ने वादी के नौजवान खिलाड़ियों को अपनी सलाहियत दिखाने का बेहतरीन मौक़ा फ़राहम किया।

चैंपियनशिप के दौरान लड़कों और लड़कियों की अलग-अलग वॉलीबॉल प्रतियोगिताओं के साथ-साथ मुख़्तलिफ़ उम्र वर्गों में टेनिकोइट मुकाबलों का भी आयोजन किया गया। पूरे टूर्नामेंट में खिलाड़ियों ने बेहतरीन खेल भावना, अनुशासन और जोश का मुज़ाहिरा किया, जबकि स्थानीय खेल प्रेमियों की बड़ी तादाद ने भी मैदान में पहुँचकर खिलाड़ियों की हौसला-अफ़ज़ाई की।

समापन समारोह में कई नामवर मेहमानों और खेल हस्तियों ने शिरकत की। इनमें ओमर ककरू, पूर्व अध्यक्ष म्युनिसिपल काउंसिल बारामूला एवं अध्यक्ष डिस्ट्रिक्ट स्पोर्ट्स एसोसिएशन, शौकत अहमद, मैनेजर जम्मू-कश्मीर स्पोर्ट्स काउंसिल बारामूला, जाविद अहमद, महासचिव बारामूला वॉलीबॉल एसोसिएशन, भारतीय सेना के अधिकारी तथा ज़िला मान्यता प्राप्त वॉलीबॉल और टेनिकोइट एसोसिएशनों के पदाधिकारी शामिल रहे।

समारोह के दौरान विजेता टीमों और बेहतरीन प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को ट्रॉफियाँ और मेडल देकर नवाज़ा गया। मेहमानों ने खिलाड़ियों की मेहनत, अनुशासन और खेल भावना की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन नौजवानों में सकारात्मक सोच, टीम भावना और स्वस्थ प्रतिस्पर्धा को मज़बूत करते हैं।

इस मौक़े पर वक्ताओं ने कहा कि खेल न सिर्फ़ जिस्मानी सेहत को बेहतर बनाते हैं, बल्कि नौजवानों को सकारात्मक रास्ते पर आगे बढ़ने और अपनी क़ाबिलियत निखारने का भी ज़रिया बनते हैं। उन्होंने इस बात पर ज़ोर दिया कि वादी में खेलों को बढ़ावा देने के लिए इस तरह के आयोजनों का सिलसिला आगे भी जारी रहना चाहिए।

चैंपियनशिप के इख़्तिताम पर खिलाड़ियों ने भारतीय सेना की डैगर डिविज़न और जम्मू-कश्मीर स्पोर्ट्स काउंसिल का तहेदिल से शुक्रिया अदा किया। खिलाड़ियों का कहना था कि इस पेशेवर मंच ने उन्हें अपनी प्रतिभा दिखाने, नए तजुर्बे हासिल करने और बड़े स्तर पर खेलने का हौसला दिया है।

स्थानीय लोगों ने भी इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे खेल आयोजन वादी के नौजवानों को सकारात्मक गतिविधियों से जोड़ने, नशे और अन्य सामाजिक बुराइयों से दूर रखने तथा खेल संस्कृति को मज़बूत करने में अहम भूमिका निभा रहे हैं। उनका मानना है कि बारामूला जैसे इलाक़ों में नियमित खेल प्रतियोगिताएँ नई प्रतिभाओं को सामने लाने और उन्हें राष्ट्रीय स्तर तक पहुँचाने में मददगार साबित होंगी।

"वरमुल गिंदो 3.0" का सफल आयोजन एक बार फिर इस बात का सबूत बना कि भारतीय सेना, स्थानीय खेल संस्थाओं और प्रशासन के साझा प्रयास जम्मू-कश्मीर में खेल संस्कृति को नई पहचान दे रहे हैं। ऐसे आयोजन नौजवानों के लिए नए मौक़े पैदा करने के साथ-साथ अमन, भाईचारे और तरक़्क़ी के माहौल को भी मज़बूत कर रहे हैं।

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